NEET-PG और NEET-SS एडमिशन में बड़ा बदलाव! अब परसेंटाइल नहीं, रैंक से मिलेगा मेडिकल कॉलेजों में दाखिला

छत्तीसगढ़ भूमि न्यूज़: नीट-पीजी में एडमिशन की रूपरेखा बदलने जा रही है। नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट (NEET) PG से होने वाले एडमिशन फॉर्मेट में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। अब कैंडिडेट्स का कॉलेजों में प्रवेश परसेंटाइल नहीं रैंक के आधार पर होगा। मेडिकल कमीशन (NMC) अब काउंसलिंग में एडमिशन के लिए NEET PG की परसेंटाइल की जगह कैंडिडेट्स की रैंक जारी करेगा। NEET PG के साथ ही NEET SS से एडमिशन देने के लिए अब परसेंटाइल-आधारित सिस्टम को हटाकर रैंक-आधारित सिस्टम लागू होगा। NMC ने बदलाव को सैंद्धांतिक मंजूरी दे दी है। नियमों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
सुप्रीम कोर्ट में NEET-PG एडममिशन और काउंसलिंग प्रक्रिया की समीक्षा के लिए बनाई गई 12 सदस्यीय विशेषज्ञ समिति ने अपनी रिपोर्ट में ये जानकारी दी है।
दरअसल मौजूदा व्यवस्था में NEET PG और NEET SS में कैंडिडेट्स की परसेंटाइल जारी की जाती है। अब नई व्यवस्था में कैंडिडेट्स की परसेंटाइल जारी नहीं की जाएगी। बदलाव के तहत NMC जल्द ही NEET PG और NEET SS में शामिल होने वाले कैंडिडेट्स का रिजल्ट जारी करते समय उनकी रैंक जारी करेगा।
NEET-PG एडममिशन और काउंसलिंग प्रक्रिया की समीक्षा के लिए बनाई गई 12 सदस्यीय विशेषज्ञ समिति ने अपनी रिपोर्ट में सुप्रीम कोर्ट को बताया है कि अभी रैंक जारी करने के नियम को अंतिम रूप दिया जाना है। रिपोर्ट में बताया गया है कि 23 सितंबर को हुई NMC की बैठक में इस प्रस्ताव को सैद्धांतिक मंजूरी मिली है। इसके लिएNMC सचिव की तरफ से 1 अक्टूबर 2026 को स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक (DGHS) को लिखे पत्र का हवाला दिया गया है।
माइनस 40 परसेंटाइल में एडमिशन के नियम के बाद बदलाव
बता दें कि बीते साल यानी NEET PG 2025 की क्वालिफाइंग कटऑफ में केंद्र सरकार ने गिरावट की थी। क्वालिफाइंग कटऑफ में ये गिरावट एडमिशन के लिए की गई थी। संशोधित मानदंडों के तहत जनरल कैटेगरी के लिए क्वालिफाइंग स्कोर 276 से घटाकर 103 कर दिया गया था। जबकि SC/ST/OBC श्रेणियों के लिए इसे 235 से घटाकर माइनस 40 कर दिया गया था। इसे फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी गई थी, जिस पर इन दिनों सुप्रीम कोर्ट सुनवाई कर रही है। इसी कड़ी में 12 सदस्यीय विशेषज्ञ समिति बनाई गई थी, जिसने अपनी रिपोर्ट सौंपी है।